जशपुरनगर। प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की धर्मपत्नी कौशल्या साय ने सादगी और जनसरोकार का परिचय देते हुए अपने काफिले से फॉलो एवं पायलट वाहन को हटाने का निर्णय लिया है। अब वे बिना पायलट एवं फॉलो वाहन के सफर कर रही हैं। उनके इस निर्णय को आम लोगों के बीच सकारात्मक पहल के रूप में देखा जा रहा है।उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ईंधन की खपत कम करने और वीआईपी संस्कृति को सीमित करने की लगातार अपील की जाती रही है। प्रधानमंत्री की इस सोच के बाद स्वयं प्रधानमंत्री सहित कई केंद्रीय मंत्रियों और विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने भी अपने काफिलों में कटौती की है। इस अभियान के माध्यम से ईंधन बचत, सादगीपूर्ण जीवनशैली तथा इलेक्ट्रिक वाहनों के उपयोग को बढ़ावा देने पर जोर दिया जा रहा है।इसी कड़ी में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय भी प्रदेश में सादगी और जनहित को प्राथमिकता देने की बात लगातार करते रहे हैं।सीएम साय की धर्मपत्नी श्रीमती कौशल्या साय द्वारा फॉलो एवं पायलट वाहन हटाने के निर्णय को उसी सोच और संदेश से जोड़कर देखा जा रहा है।राजनीतिक एवं सामाजिक हलकों में इस पहल की सराहना हो रही है। लोगों का कहना है कि सार्वजनिक जीवन से जुड़े व्यक्तियों द्वारा इस तरह के कदम समाज में सकारात्मक संदेश देते हैं तथा अनावश्यक खर्च और दिखावे को कम करने की प्रेरणा भी मिलती है।
*प्रधानमंत्री मोदी की अपील और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की कार्यशैली का दिखा असर, फॉलो एवं पायलट वाहन हटाकर सफर कर रही हैं सीएम साय की धर्मपत्नी*

