*कोतबा/जशपुरनगर।* किसानों के हक का डीजल कालाबाजारी में खपाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। कोतबा स्थित ‘OM फ्यूल्स’ इंडियन ऑयल पेट्रोल पंप पर रात के अंधेरे में ₹140-150 प्रति लीटर डीजल बेचने का आरोप है, जबकि दिन में किसानों को ‘नोजल खराब’ और ‘स्टॉक खत्म’ का बहाना बनाकर लौटाया जा रहा था।
*4 दिन से चल रहा था खेल*
स्थानीय किसानों का आरोप है कि पिछले शुक्रवार को पंप पर डीजल का भारी स्टॉक आया था। इसके बाद से ही किसानों को डीजल देने से मना किया जा रहा था। वहीं रात 10 से 12 बजे के बीच व्यापारियों को अवैध रूप से डीजल सप्लाई की जा रही थी। इस पूरी कालाबाजारी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद हड़कंप मच गया।
वीडियो वायरल होने के बाद पंप प्रबंधन ने मंगलवार को प्रति ट्रैक्टर 500 रुपये का डीजल देकर खानापूर्ति की।
*₹50 प्रति लीटर का अवैध मुनाफा*
ग्रामीणों के अनुसार पंप संचालक आपदा में अवसर तलाश रहा है। दिन में किसानों को दुत्कार कर रात में उसी डीजल को ₹150 लीटर बेचा जा रहा है। इससे संचालक को 40 से 50 रुपये प्रति लीटर का सीधा मुनाफा हो रहा है।
मीडिया के सवालों पर पंप कर्मचारियों ने कहा कि वे सिर्फ “मालिक के आदेश” का पालन कर रहे हैं।
*SDM ने दिए जांच के आदेश*
मामले में पत्थलगांव SDM ऋतुराज बिसेन ने कहा, “यह पूरी तरह अवैधानिक है। खाद्य विभाग की टीम जांच के लिए भेजी जा रही है। कालाबाजारी की पुष्टि होने पर FIR और लाइसेंस निरस्तीकरण की कार्रवाई होगी।”
*किसानों की मांग*
1. पिछले शुक्रवार के स्टॉक और बिक्री का मिलान हो।
2. पिछले 4 दिनों के CCTV फुटेज की फॉरेंसिक जांच हो।
3. पंप संचालक अमित जायसवाल के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो।
फिलहाल पंप संचालक अमित जायसवाल से संपर्क नहीं हो पाया है। उनका फोन रिसीव नहीं हो रहा
